I'm a Product

Wednesday, August 21, 2013


کبھی یونہی بات بےبات مسکرا لیتا ہوں
دل کبھی ہو اداس تو کچھ گنگنا لیتا ہوں
نفرت سے بھری اس دنیا میں،،ناصر
خوشیون کےکچھ پل میں بھی چرا لیتا ہوں

कभी यूँही बात बे बात मुस्कुरा लेता हूँ
दिल कभी हो उदास तो कुछ गा लेता हूँ
नफरत से भरी इस दुनिया में ,,नासिर
ख़ुशीओं के कुछ पल मै भी चुरा लेता हूँ

Monday, August 19, 2013

फिर गुजरात मत करना

फिर से आंसूओं की बरसात मत करना 
फिर नफरतों की तुम बात मत करना 

ज़िन्दगी के उजाले रहने दो खुदा केलिए
फिर मेरी ज़िन्दगी की रात मत करना 

फैला तो रहे हो नफरतों काजाल दुनिया में
बस इतनी इल्तजा है फिर गुजरात मत करना,
इसम में छुपे हैं मुहब्बतों के नगीने 
इस के जाएल असरात मत करना 
जीने दो हमें हमारे हाल पे नासिर 
यहाँ फिरकों की बात मत करना

आज रक्षा बंधन है तो हमारे दोस्तों के लिए एक शेर हिज्र है ,,,


♥♥नासिर सम्भाल के रखना इसतरह इन गहनों को♥♥ 
♥♥कोई बुरा साया भी ना छुए मेरे देश की बहनों को ♥♥

Saturday, August 17, 2013


जो ख्वाब तुमने दखे वो पुरे हो भी सकते हैं
हँसते हैं जो लोग तुम् पे वो रो भी साकते हैं

शर्त ये है हमारी एकता बनी रहनी चाहिये
ये दुश्मन हमारी एकता में खो भी सकते हैं

हम लाख बुरे सही पर हैं तो एक ही देश वासी
हम अपने दामन पे लगे दाग़ धो भी सकते हैं

जिस फसल का सपना देखा था पूर्वजों ने
नासिर हम आज वो फसल बो भी सकते हैं